क्या की बीएफ

छवि स्रोत,15 साल लड़की बीएफ

तस्वीर का शीर्षक ,

बीएफ डाउनलोड हिंदी: क्या की बीएफ, मैंने चूत पर किस किया और चाटने लगा तो वो बोली- आअह्ह्ह… आराम मिल रहा है, बहुत अच्छा लग रहा है, प्लीज और चाटो!उन्हें दस मिनट तक मैंने चाटा और चूसा और फिर खाला झड़ गयी.

बीएफ पिक्चर सेक्सी देखने वाला

पर ये भी था कि मैंने जिससे भी सेक्स किया, उससे फुल मस्ती की और हर बार मेरे पार्टनर को भी बहुत मजा आया. हिंदी सेक्सी बीएफ वीडियो हिंदी आवाज मेंएक घंटे यूं ही बातें होती रहीं, फिर उसने फोन पर खाने का आर्डर दे दिया और मैं फिर से उसको पकड़ कर बेडरूम में ले गया.

मेरी बीवी की चूत गीली हो चुकी थी और हम दोनों उसकी चूत में उंगली कर रहे थे. अक्षरा सिंह के सेक्सी बीएफ वीडियोआप बस मेरी चूत चाटोगे और मुझे अपने लण्ड का माल पिलाओगे!” शाज़िया ने कहा।चाचा- हाँ … मगर अब मेरा इरादा बदल गया है, अब मैं तुझे चोदूँगा भी … तभी वीडियो डिलीट करूँगा, वरना नहीं।उसकी चूची से मुंह हटाकर चाचा उसका पेट चूमते चूमते चूत तक पहुंच गये और उसकी टाँगें फैलाकर चूत को देखने लगे और धीरे से उस पर चूम लिया.

मैंने पेंट की चैन नीचे करते हुए लंड को खुली हवा की खुश्बू दिलाई और कहा- चाची, मैं कुछ मदद करूँ?चाची मेरे लंड की पहाड़ी पर आँख जमा कर बोलीं- तुम क्या करोगे.क्या की बीएफ: ऐसी कलाकारी से मार रहे हैं, मैं तो अपने को ही गांड मारने मरवाने का एक्सपर्ट समझता था, आपने मेरा घमण्ड तोड़ दिया.

ऐसे ही कोई 3-4 मिनट तक मैंने भाभी की चुदाई की होगी कि भाभी बोल उठीं- अमित तुम नीचे से करना मैं ऊपर आ जाती हूँ.फिर गुस्से में आकर उसने मेरे मुंह पर थप्पड़ भी मार दिया, वह दर्द से चिल्ला रही थी परंतु मैं उसकी एक भी नहीं सुन रहा था, मैंने अपने लिंग को अंदर बाहर करना शुरू किया.

एक्स एक्स एक्स टीचर बीएफ - क्या की बीएफ

कुछ देर के बाद मैंने अपने दोस्त की बीवी को अपने ऊपर ले लिया और लंड पर बिठा कर उछलने को कहा.उन्होंने मुझसे बोला- क्यों खटिया में मज़ा नहीं आएगा क्या?ये कह कर अंकल ने मुझे किस कर लिया.

मैं उसके बढ़िया उभरे हुए मम्मों को चूसने लगा और एक हाथ से उसके पट और चूत पर हाथ फिराने लगा. क्या की बीएफ माँ-बेटे का रिश्ता भूल कर सिर्फ अपनी हवस मिटा माँ! क्यूंकि मैंने भी आज तक सिर्फ मुठ ही मारी है! आ जा मेरी जान … आज तेरे जिस्म की आग मिटाता हूँ मैं! मुझे अपना बेटा नहीं, अपना पति समझ आज की रात! तुझे दिखाने के लिए ही अंडरवियर में लेटा था!इतना कहकर सोनू मुझे चूमने लगा और मेरे बूब्स दबाने लगा.

बाद में मैंने खुश होके 1000 रूपए शिल्पा को दिए और कहा- आपके घर आकर रीमा जैसी जन्नत की हूर को चोदने का मजा मिला.

क्या की बीएफ?

उसके बाद मैं जैसा सोच रखा था, वैसा ही हुआ उसकी गाड़ी अचानक से बंद हो गयी और उसने अपनी बहन को अकेला ही कॉलेज जाने दिया. उसको मैंने कहा कि जब तक आपका कोई पक्का बंदोबस्त ना हो जाए, आप इसे अपना ही घर समझते हुए आराम से रहो. ”दीदी, आप सच में बहुत सुंदर हो, आपके गाल बहुत प्यारे हैं, आपका गोरा रंग है, होंठ गुलाबी हैं.

अगले दिन रात के नौ बजे थे, मेरी दरवाजे की बेल बजी, देखा तो आंटी सामने थी. क्या मेरे बराबर की हो गई है तू?उसने पद्मिनी को अपने तरफ मोड़ते हुए उसको अपने सीने से लगाकर उसका कद देखना चाहा, तो उस वक़्त पद्मिनी की चूचियां बिल्कुल बाप के पेट से रगड़ खा रही थीं. उस रात को मैं न सिर्फ एक छोटी सी टी-शर्ट पहनी हुई थी और मैं कमसिन सी थी.

घड़ी मैंने देखा तो सुबह के आठ बजे हुए थे, मुझे कॉलेज जाने में देर होने वाली थी।मैंने नीचे जाकर देखा तो रसोई में संगीता कांच के टुकड़े इकट्ठे कर रही थी, मेज पर रखा कांच का जग टूट गया था।सॉरी दीदी, मेरे हाथ से छूट गया!” वह रोती हुई सूरत बनाकर बोली।कोई बात नहीं संगीता … मैं नया लेती आऊंगी!” मैं उसे बोली. मेरी चाची को जैसे ही यह अहसास हुआ कि मैं उनकी गांड मारने की तैयारी कर रहा हूँ, तो वे पहले तो गांड मराने के लिए मना करने लगीं. दोस्‍तो, मैं आपका राज, मैंने अपनी साली के साथ दोबारा सेक्स किया, साली को दुबारा कैसे चोदा वह किस्‍सा सुनाने आया हूँ। इससे पहली की मेरी कहानीसाली की चुदाई करके सील तोड़ीमें आप पढ़ चुके हैं कि कैसे मैंने अपनी साली की वर्जिन बुर को चोदा था.

फिर मैंने अपना लुंड आंटी के हाथ में दिया, वो अब तक पूरी तरह अपना रूप ले चुका था, साढ़े छह इंच लम्बा और काफी मोटा है. मैंने हां बोला, तो भाभी मेरे लंड को चूसने लगीं और 7-8 मिनट में ही मेरे लंड से पानी निकल कर भाभी के मम्मों पर गिर गया.

थोड़ी देर इसी पोजीशन में रहने के बाद मैंने उन्हें अपनी गोदी में बैठा लिया और अपनी बांहों में जकड़ कर उनकी योनि में जोर से झटके देने लगा.

मैं ऐसी गिरी कि मेरा मुँह, सीधा अंकित के लंड से जा कर लगा और मैंने उसके लंड को अंडरवियर के ऊपर से ही मुँह में ले लिया.

एक बार फिर मैं आपके सामने अपनी लेटेस्ट सेक्स स्टोरी एक बहुत ही हसीन आपबीती लेकर उपस्थित हूँ, आशा करती हूँ कि आप लोगों को पसंद आएगी. मैंने उसका हाथ अपने अंडरवियर के ऊपर लंड पर रख दिया, वह सहलाने लगा, फिर धीरे धीरे मेरे अंडरवियर की इलास्टिक से खेलने लगा और अपना हाथ अंदर घुसा दिया. मैंने अपनी शर्ट उतार दी, तो वो मेरे पास आई और कहा- अरे वाह, तुम तो कसरत करते हो.

अब मैं भी गर्म होने लगा था, धीरे धीरे यूं ही चलता रहा, मैंने धीरे से अपना हाथ उनके पैरों पर रख दिया तब उन्हें लगा कि मैं जाग रहा हूं, उन्होंने कुछ देर के लिए रोक दिया, लेकिन कुछ देर बाद ही मेरे लंड को फिर से सहलाना शुरू कर दिया. उसकी चूत से फच फच की आवाज़ आ रही थी और कमरे में उसकी कामुक सिसकारी गूँज रही थी, रितु जोर जोर से बोल रही थी- फाड़ दो मेरी चूत, बुझा दो मेरी चूत की आग!जेम्स ‘माय गॉड … माय गॉड …’ कर रहा था. मैं उन्हें कमलेश चाचा पहले कहती थी, अब उन्हें कमलेश सर बोलने लगी हूं.

मैं फिर से मंजू के आगे जाकर बैठ गया क्योंकि मैं उसे चुदते हुए देखना चाहता था, यही तो मेरी इच्छा थी जो आज राज पूरी कर रहा था!मेरे सामने मेरी बीवी किसी और के लन्ड का भोग ले रही थी!एक समय ऐसा आया जब मंजू तड़पने लगी, उसकी आवाज में तेजी आ गयी, वो बुरी तरह हांफने लगी, शायद उसका स्खलन होने वाला था.

उनको देखकर मेरा भी कई बार लंड खड़ा हो जाता था, पर मैं हाथ से लंड दबा कर छुपा लिया करता था. उन्हें इस बात से अब कोई फर्क नहीं पड़ता था कि वो दोनों सगे भाई-बहन हैं. उन्होंने थैंक्यू बोला, तो मैंने कहा- सिर्फ़ थैंक्यू!अब उन्होंने भी किस भेज दिया.

रात को 1 या 2 बज रहे होंगे, तभी नींद में मेरा एक हाथ तुषार भैया की कमर पर चला गया और मैं उनसे चिपक कर सोने लगा. फिर चार पांच मिनट के बाद मैंने अपनी चुदाई की स्पीड बढ़ा दी और जोर जोर से पिंकी को चोदने लगा. फिर हम बिस्तर पर वापिस आ गए तो खाला बोली- चूत में अभी भी दर्द हो रहा है!मैंने कहा- मुझे देखने दीजिये.

मैं फिर से उसके होंठ चूसने लगा और उसे बिस्तर पर लिटा दिया और फिर उसकी गर्दन पर किस करने लगा.

उसने एक उंगली चूत में डाल कर चाटना शुरू किया तो मैं ख़ुद पर कंट्रोल नहीं कर पायी और मेरा पानी निकल गया. उन्होंने मुझसे सीधे बोला- कब चुदवाओगी?मैंने भी खुल कर कह दिया बोला- आज रात में.

क्या की बीएफ मेरी जवानी की कहानी के पिछले भागकामुकता की इन्तेहा-5में पढ़ा कि मेरा यार ढिल्लों अपनी चार उँगलियों से मेरी फुद्दी की सर्विस कर रहा था. सुनीता बताने लगी- दीदी, मैं जब भी शुक्ला जी के घर काम करने जाती तो शुक्ला जी का बेटा मुझे हमेशा छेड़ता रहता था.

क्या की बीएफ मैंने उसके छोटे भाई से सोनम का मोबाइल छिपा कर लाने के लिए बोला और उसको 10 रूपये भी दिए. विजय ने रीना को जोर से कस के पकड़ लिया और उसके उरोजों के उभार को स्पर्श किया कि अब मैं इनका मजा लेने वाला हूं.

परंतु कुछ सालों के बाद एक शाम को स्कूल की लड़कियां पद्मिनी के बारे में कुछ अनाप शनाप बक रही थीं, जो मोहल्ले के दूसरे लोगों ने सुना और वह बात पद्मिनी के पिता के कानों तक पहुंची.

हिंदी ब्लू फिल्म स्टोरी

मैंने उनकी चुत पर हल्के से अपनी गर्म जीभ फिराई और चुत को पूरा मुँह खोलकर अपने मुँह से कवर कर लिया. वह बात यह थी कि स्कूल के किसी किसी एक लड़की ने एक टीचर को पद्मिनी के साथ अकेले देखा था. दो दिन बाद मेरी क्लास में एक नई लड़की आई, जिसका नाम एकता (बदला हुआ नाम) था.

उसने मेरे लिंग का निशाना अपनी योनि के छेद में लगाया और बैठती चली गयी. उसने धीरे धीरे मेरे लंड पर जीभ घुमाई और बाद में पूरा लंड मुँह में लेकर चूसने लगी. दोस्तो, आपको मेरी कहानी कैसी लग रही है? अपने कमेंट्स जरूर भेजें!मेरा ईमेल है:[emailprotected]कहानी का अगला भाग:मेरे बेटे की डायरी: बेटे ने अपनी माँ को चोदा-2.

उससे पूछने पर पता चला कि वो बिना बुकिंग के बैठी है और वो अकेली ही थी.

घर आने के बाद जब भी उससे मेरी नजरें मिलतीं, तो वो एक कातिलाना स्माईल पास करतीं. ये लड़की तो लगता है पूरी अपनी मां पे गई है, जैसी मां छिनाल है, साली वैसी ही बेटी है. और फिर जेम्स ने रितु कि बेड पर लिटाया और जोर जोर से धक्के मारने लगा, जेम्स बोल रहा था- आई ऍम कमिंग!और फिर उसने रितु की चूत में ढेर सारा वीर्य छोड़ दिया और उस पर गिर गया.

मेरी बहन प्रीति ने मुझसे कहा- मुझे नींद नहीं आ रही है!और मुझे भी नींद नहीं आ रही थी इसलिए हमने टीवी देखने को निर्णय किया और हमने लगभग आधा घंटा पंजाबी गाने देखे. दोस्तो, मेरा नाम प्राची है और मेरा नाम तो आपने पहले सुना ही होगा! तो मैं आज आपको एक बहुत ही ख़ास इंसान के लंड के बारे में कहानी सुनाने वाली हूँ. सारिका का घर शॉप से 20 मिनट की दूरी पर था, तो हम बातें करते हुए जा रहे थे.

मैंने अपना सात इंच का लंड हाथ में पकड़ कर बीवी की चुत के छेद पे रख दिया और लंड को दबाते हुए पूरा लंड चुत में पेल दिया. मेरे से पूछो तो तुम अपने लिए कोई ऐसे लंड तलाशो, जो तुम्हारे साथ शादी करके हमेशा के लिए तुम्हें अपनी चूत बना कर रखे.

जो इस खुजली के अंत पर मिलता है। इसी के पीछे तो मरती है दुनिया।”मेरा भी सफेदा निकला है क्या?” मैं उठ कर अपनी योनि देखने लगी।नहीं. मैंने भी अपने कपड़े उतार दिए और उनके ऊपर लेट कर उनको चूमना शुरू कर दिया. अब मैंने शर्म हया सब त्याग दी, मेरा कण्ट्रोल खुद पे नहीं रहा था, बस अब सामने एक हट्टा कट्टा मर्द दिख रहा था जिसका लौड़ा उसके बाप से भी लम्बा था.

बाबा ने हवा में हाथ घुमाया और चमत्कारी रूप से उनके हाथ में एक फूल आ गया.

बता मुझे?मैं- अबे कैसी भी हो मुझे सब चलेगी, पर चुत के मज़े देने वाली हो क्योंकि मुझे बस अब चुत चाहिए. ये क्या कह रहे हैं आप?बाबा- सत्य यही है और इसीलिए मैं तुम्हें ये उपाय नहीं बताना चाह रहा था. अब मेरा दांया पैर बीवी के दोनों पैर के बीच में था और बाया पैर बीवी की दांई ओर कमर के बाजू रखकर बीवी की चुत चोदने लगा.

मैंने कहा- मैं अब तुम्हारा कहना मानती रहूंगी मगर तुम भी मुझे मजबूर ना किया करो. तो हमने कहा- क्या शर्त है बोलो?पम्मी- एक तो सारे कपड़े नहीं उतारूंगी, मतलब ब्रा और पेंटी पहने रखूँगी और दूसरा जो चाहे करो, पर अन्दर नहीं लूँगी.

उसकी 42 साईज की चूचियां ब्रा के बंधन से आजाद होने के लिए तड़प रही थीं. तभी दरवाजा एकदम से खुला और वो बड़े बूब वाली लड़की हमें छेड़ने के अंदाज में अन्दर आ गयी. हैलो फ्रेंड्स, मेरी पिछली सेक्स कहानीसहेली ने मुझे रंडी बनायामें आपने पढ़ा कि मैंने किस तरह से रंडी बन कर एक महा चोदू किस्म के आदमी से मन भर के चुदवाया था.

চোদার ফটো

उसको बाँहों में बांधे बांधे सरकता हुआ मैं बिस्तर तक जा पहुंचा और उसको लिए लिए बेड पर आ गया.

हमारी आखें चौड़ी हुए पड़ी थी उसकी चुचियों के दीदार के लिए…अपना सर एक तरफ करते हुए उसने अपनी ब्रा हटा दी. चूँकि मैं अपनी हैसियत जानता हूँ, इसलिए सिर्फ़ अनु की शादी का वेट था. दीदी मैं भी उनके लंदन जाने से पहले जितनी बार हो सके, चुदना चाहती हूँ.

फिर जैसे ही मैंने अपने लंड का टोपा उसकी चूत पर रखा तो वो ऊपर तरफ खिसकने लगी. मेरा लंड एक बार फिर से हिलोरें मारने लगा और मामी ने भी मेरी उत्तेजना को पहचान लिया था. बीएफ वीडियो हिंदी सेक्स वीडियोखैर हिम्मत करके ऊपर गया और चुपचाप उनके सामने आंखें नीची करके खड़ा हो गया.

हम दोनों भाई बहन वातानुकूलित कमरे में पसीने से लथपथ एक दूसरे की बाहों में समा गए।मैं एक ही बार में इतना सेक्स कर लेता था। चाहते हुए भी दूसरी बार किसी औरत को चोदकर उसका बुरा हाल नहीं कर सकता था। रीना दीदी चीज ही ऐसी थी कि उन्हें रात भर चोदो तो भी कम पड़े किंतु एक बार में ही उनका बुरा हाल नहीं कर सकता था।और मुझे आज बहुत संतुष्टि का एहसास हुआ था इसलिए दूसरी बार सेक्स का ध्यान मैंने छोड़ दिया. बातों बातों में हमने पूछा कि कोई लड़की दोस्त बनी या नहीं?तो वह बोला- भारतीय लड़कियाँ सुंदर हैं पर कोई उसकी दोस्त नहीं बनना चाहती.

लेकिन मजा तो तब है जब ये चुदाई मस्त करे!मैं बोला- अब तो चुदाई करना ही है. खैर मैंने उसकी पैंटी उतारी और जैसे ही मैंने उसकी कुंवारी बुर को देखा, बस देखता ही रह गया, उसकी गुलाबी बुर जिस पर एक भी बाल नहीं था, और बगल में उसके एक तिल जो उसकी बुर की खूबसूरती और बढ़ा रहा था. वो धीरे बोली- रूको, मैं देखती हूँ!मुझे अब सिर्फ़ उसके कदम की धीमी आहट सुनाई दे रही थी रूम से जाते!मेरी आँखों पे पट्टी बन्धी थी और दोनों हाथ बँधे थे.

लेकिन वो पुरुष कहाँ से लाऊं, जो मंत्रों का उच्चारण कर सके?बाबा मौन रहे. मैंने कहा किसको क्या मिल जाएगी भाभी?तो वो मुस्कुराते हुए बोलीं- अब इतने भोले भी न बनो. मैं अब अपना मुँह मामी की पैंटी के पास ले गया और मामी की चूत को ऊपर से ही चूसने लगा.

अगले दिन में पूरी सेक्सी ड्रेस डाल कर इंटरव्यू लेने के लिए पहुँच गई और जब मेरे पति की बहन को बुलाया गया.

इसी बीच उसने मेरा हाथ अपने चूचों पर खींचा तो मैंने उसकी ब्रा उतारकर फिर से उसके मम्मों को चूसने लगा. सुनीता थोड़ा मुस्कुरा कर बोली- हाँ दीदी, अंकित जी ने कहा तो है कि कल जल्दी आना.

उधर विकी मेरे निप्पलों को बुरी तरह से मसले जा रहा था और मैं भी उसके लौड़े को जबरदस्त तरीके से खींच रहा थी. यह सब देख आकर मैं रसोई में आ गई क्योंकि मुझे अब पता था कि अन्दर क्या हो रहा है. जंगल में उसको अधूरी तरह से चोदा तो था, लेकिन उसकी नंगी जवानी के दीदार नहीं किए थे.

बिना कुछ सोचे-समझे मैं बोली- चाचा मैं जिंदगी भर आप जो कहेंगे सब करूंगी, आपका पूरा साथ दूंगी गॉड प्रामिस, मम्मी की कसम चाचा, बस मुझे आज बचा लो और किसी को मत बताना बस. उसे फिर से दर्द हुआ और चीखने लगी लेकिन मेरी किस की वजह से उसकी चीख वहीं सिमट गयी. मैंने चुनरी के एक पल्लू को लहंगे और एक कंधे से हटाया और वो एक तरफ गिर गया, अब चुनरी एक कंधे पर थी साथ ही चुनरी का दूसरा हिस्सा जो लहंगे में घुसा हुआ था होता है, वे मेरे सामने लहंगे और चोली में थी और चुनरी आधे बदन पर थी क्या क़यामत का नज़ारा था.

क्या की बीएफ अब मैं मंजू को जगह जगह किस करने लगा मंजू भी मुझे ईंट का जवाब पत्थर से देने लगी. आजकल लड़कियां ग्रेजुएशन के बाद कोई और प्रोफेशनल कोर्स जरूर करती हैं फिर जॉब और फिर इन सबके बाद शादी.

देशि सेकसि

यह कह कर वो डॉक्टर बाहर चला गया और बाहर से अपनी दुकान को बंद कर गया. वो भी बड़ी उत्तेजना से भर कर अच्छे से मेरे मुँह में जीभ घुसेड़ कर मुझे चूस रही थीं. ये सब अभी कुछ महीने से ऐसा लगने लगा है, जब से कमलेश सर ने सेक्सी कहानियां पढ़ने के लिए वो पुस्तकें और मैगज़ीन मुझे दी हैं.

तो उन्होंने अपने होंठ मेरे होंठों पर रख दिए और मेरे होंठों को चूसने लगे. हम दोनों लोग एक दूसरे के होंठों को चूस रहे थे, कभी कभी वो मेरे होंठों को काट भी रहा था. सेक्सी वीडियो बिहार के बीएफमगर उससे उस लौंडे का लंड ठंडा क्या होना था, वो तो खुद ही बहुत कामुक हो रही थी, जैसी उसकी आवाजें आ रही थीं.

मैं कई बार उसके रूम पर ऑफिस के काम की वजह से गयी थी, चूंकि वो मेरे साथ काम करता था, इसलिए ये एक सामान्य सी बात थी.

मैं बोला- आप रूको, अब गर्मी की छुट्टियाँ होने वाली हैं, तो मेरे घर में कोई नहीं होगा. उसने झट से पहले अपनी उंगलियाँ मयूरी की चुत पर रखी और फिर उसने बिना समय गंवाए अपनी जबान उसमें डाल दी.

मैंने उसके छोटे भाई से सोनम का मोबाइल छिपा कर लाने के लिए बोला और उसको 10 रूपये भी दिए. पद्मिनी की माँ का उस समय ही देहांत हो गया था, जब पद्मिनी कच्ची उम्र की थी. मैंने उसको पिछले रूम में भेज दिया और मेडिकल से कंडोम और दारू की दुकान से दो बियर व कुछ नाश्ता भी ले आया.

मैं सोच रहा था कि सुमेर चिल्लाएगा थोड़ा ‘आ आ ई इ…’ करेगा पर उसने तो इतना बड़ा मस्त लम्बा मोटा लंड मस्ती से डलवा लिया, जरा भी चीं चपड़ नहीं की, ऊपर से मुस्करा और रहा था.

हम दोनों लोग इतने अच्छे से चुदाई कर रहे थे कि जैसे लग रहा था कि हम दोनों लोग बहुत दिन से एक दूसरे के साथ चुदाई करते रहे हैं. सब कुछ ठीक-ठाक ही चल रहा था कि अचानक एक दिन शालीन को अपनी नौकरी से हाथ धोना पड़ा. मैं भी कसमसा रही थी कि ये जल्दी से अपना लंड मेरी चूत में डाल दे और मुझे चोद दे.

बांग्ला बीएफ बीएफ बांग्लाजब तुमसे बात नहीं होती तो एक अजीब सी घबराहट होती है, दिल बैचैन रहता है, हमेशा तुम्हारे ही ख्याल दिल में आते हैं, यह सोचती हूं कि काश तुम पहले मिल गए होते! तुमसे बात करके मैं अपना खाना पीना सब भूल गयी हूँ, बस ऐसा लगता है कि कोई मुझे खाना पीना ना दे और सिर्फ तुमसे बातें करने के लिए बोल दे. विवेक ने मुझे रुकने को बोला तो मैंने मना कर दिया, लेकिन वह नहीं माना.

ಸಕ್ಸ್ ವಿಡಿಯೋ ಪ್ಲೀಸ್ ಕಮ್

इसलिए उसके चेहरे पर कुछ शान्ति थी कि रात के सफ़र में कोई दिक्कत नहीं होगी. मैंने एक तेज प्रहार किया और अपना लंड मेरी प्यारी बीवी की चुत में जड़ तक घुसा दिया. मैंने जल्दी से नहाया और नाश्ता किया, बाइक लेकर मम्मी से बोला कि मैं कुछ काम से मुरादाबाद जा रहा हूँ.

कल छुट्टी है तुम पूनम से कोई बहाना बना कर मेरे घर पर आ जाओ, फिर पूरा मज़े लेंगे. फिर मैंने अपनी बहन प्रीति से पूछा- मैं अपना वीर्य बाहर निकालूं या तुम्हारी योनि नहीं डाल दूँ?उसने कहा- तुम्हारी मर्जी है!तो मैंने कहा- यदि मेरी मर्जी है तो मैं तो अंदर ही डालूंगा!फिर मैंने और मेरी बहन ने ‘हा हा हा…’ करते हुए एक दूसरे को कस के पकड़ लिया और दोनों के दोनों झड़ गए!दोस्तों, यह थी मेरी एक सच्ची कहानी!अब मेरी बहन की शादी भी हो चुकी है और उसके पास एक खूबसूरत बेटी भी है. मैंने कहा- भाभी आज आप बहुत खूबसूरत लग रही हो तो आपकी एक पिक हो जाए.

मैंने अपनी जीभ उसकी चूत में डाल दी जिससे वो सिहर गयी और मेरा लण्ड चूस चूस कर चोदने लायक बना दिया और वो मुझे पागलों की तरह चूस रही थी।कभी मैं चाची की चूची तो कभी चूत को रगड़ रहा था. तब मैंने उसकी चुत से लंड निकाल कर अपनी जीभ को उसकी चुत पर लगा कर जीभ से चोदने लगा. मेरी तो फट गई पर उसने अन्दर से ही बोला- क्या बात है बेटा?तो उसने बोला- मम्मी जो अंकल आये थे वो पता नहीं, कहां चले गए?तो उसने बोला कि जाने दो तुम रूम बन्द कर लो और आराम से वीडियोगेम खेलो, मैं अभी नहा कर आ रही हूँ.

कुछ ही देर बाद उसकी वासना उसके दर्द पर हावी होने लगी, वो भूखी शेरनी की तरह मेरे होंठों को खाने लगी तथा अपनी गांड उठाने लगी. बाद में मुझे मेरे लंड में कुछ गर्म एहसास हुआ, मैडम ने अपना लावा छोड़ दिया था.

वो उसका पहला ओर्गास्म था उस सुहागरात में!और उन्हें लगा कि उन्होंने पैंटी में पेशाब कर लिया है.

उसने किसी से फ़ोन करके पूछा- देखो जो नौकरी कुछ दिन पहले निकाली थी, उसमें कोई इस नाम की लड़की की एप्लिकेशन आई थी क्या?कुछ देर बाद उसका फोन आया और बोला- जी हां सर, आई हुई है. बीएफ एचडी 2000अभी अरुण आगे बढ़ पाता कि तभी उसके मोबाइल पर किसी के कॉल ने उसका ध्यान आकर्षित किया- कहां हो … अभी जल्दी पहुंचो, काम बहुत है. का चोपड़ा की सेक्सी बीएफउसने अपना नंबर दिया और बोली कि जब भी मैं अकेली होऊंगी, तेरे को फोन करूँगी. जेम्स ने अपने लंड पर तेल लगया और रितु की गांड पर अपना लंड टिका दिया, रितु के होंठों को मैंने अपने होंठों से दबा रखा था और जेम्स ने उसकी गांड में अपना लंड पेल दिया.

मेरी माशूका ने मेरे साथ वैलेंटाइन वीक के हर दिन मनाए, लेकिनवैलेंटाइन डेका ही दिन नहीं मनाया.

उसने अन्दर स्काइ ब्लू कलर की ब्रा और पेंटी पहन रखी थी और गजब की माल लग रही थी. दोनों ब्लूफिल्म में चुदाई के सीन देख देख कर मेरे लंड को चूसे जा रही थीं. और सही में थोड़ी देर बाद मम्मी बुरी तरह मामा को किस करते हुए बोली- और करो दोनों, मेरी चुत का सारा रस निकाल दो!मामा और उस आदमी ने अब मम्मी को कस कस के चोदना शुरू कर दिया था, गोदी में बैठा के!कुछ देर के बाद शायद मम्मी का गिरने लगा और उन दोनों का भी … मम्मी तड़पने लगी और कस के मामा को जकड़ लिया.

सुनीता को अपना घर चलाने के लिए दूसरों के घरों में काम करना पड़ता है. उसने बताया- मैंने अभी 5 दिन पहले ही अपनी चूत को साफ किया है, इसमें बहुत बाल हो गये थे. मैं आराम करने लगी, मुझसे 3 दिन तक ठीक से चलते नहीं बना था और हल्का हल्का दर्द भी हो रहा था.

हिंदी बीएफ पिक्चर फुल एचडी

जैसे ही उसने मुझे देखा, वो बाहर आ गया और मेरा स्वागत करते हुए घर के अन्दर ले गया. मैं चिल्ला भी नहीं सकती थी क्योंकि उसने मेरे होंठों को अपने होंठों से कस कर पकड़ रखे थे. सच बताऊं दोस्तो तो मेरे जैसे नसीब वालों को ही मधु जैसी प्यार करने वाली मिलती है.

विकी से मिलने से पहले मुझे ऐसा लग रहा था कि मेरी ये भूख कभी नहीं मिटने वाली है.

लेकिन मुझे अब तक ये नहीं मालूम चल सका कि रवि के अलावा वो मुझसे क्यों चुदती है.

इसकी मां को देखा था, यह कहीं से भी अपने मां बाप की बेटी नहीं लगती है. अपने मुँह में उसका पूरा बूब ले लिया और जलन के मारे उन्हें ज़ोर के काटे जा रहा था. ओड़िया बीएफ फिल्ममेरा लिंग अंदर घुसा और मुझे तो बहुत ही ज्यादा दर्द हुआ, मैं उसे हटने को कहने लगा मगर वो नहीं हटी.

पर मामी को इस बात का पता चला गया और फिर एक दिन मैंने उनसे अपनी जरूरत के चलते कुछ पैसे की मांग की तो वो भड़क गई और मुझे लात मार के अपने घर से निकाल दिया और कहा- अब कभी मत आना यहाँ!शायद मामी ने अपने लिए कोई नया लंड खोज लिया था।तो प्रिय पाठको, आपको मेरी यह कहानी कैसी लगी आप मुझे ईमेल के जरिये जरूर बताएं।आपकाऋषभ द्विवेदी[emailprotected]. मैं भी इस बात को जानती थी कि पहली बार में दर्द होता है लेकिन मुझे ये नहीं मालूम था कि दर्द कितना होता है. गाउन निकाल वो हमारी ओर मुड़ी… हमारी नज़र उसकी पिंक ब्रा में छिपे खिले हुए बूब्स पे गयी.

मैं धीरे धीरे उसकी बुर पे हाथ रख कर मसलने लगा, जिससे वो और ज्यादा उत्तेजित हो गयी और मेरे हाथ को हटा खुद ही अपने हाथ की उंगली डालने लगी. तब जल्दी से पद्मिनी ने अपने हाथों को बापू के हाथ पर रखा और अपने बापू को ज़्यादा आगे नहीं बढ़ने दिया.

भाई अभी अभी झड़ा था तो मैंने उसका लंड अपने मुंह में लिया और चूसने लगी, उसकी सिसकारी निकल गयी लेकिन लंड फुल टाइट होने लगा.

मैंने समझते और मजाक करते हुऐ कहा- हम तो सेवक हैं, जब चाहो सेवा के लिए बुला लो. उसने धीरे से अपना दरवाज़ा खोल दिया और मैं चुपके से उसके रूम में पहुँच गया. कुछ देर तक मैं स्तब्ध सा उसकी रेशम जैसी चिकनी मुलायम टांगों की सुंदरता आँखों में बसाता रहा, फिर रेखा को हौले से उठाकर उसकी शमीज़ भी उतार डाली.

बीएफ चोदने की फोटो ऐसे उतना नहीं होगा।”क्या करने वाली हो?” मैंने संशक भाव से कहा।छोटा बैंगन तेरे लिये है।”मुझे थोड़ा अजीब लगा. कुछ पल बाद उसकी कराह कुछ कम सी हुई तो मैंने फिर से धीरे से एक और झटका दे दिया.

अधनंगी पद्मिनी उसके सामने बिस्तर पर पड़ी थी, वो अपने बालों को सर के नीचे से फैलाने का प्रयत्न कर रही थी. अब मैं पागल हो रही हूं चाचा, क्या बताऊं कैसे बताऊं कैसा फील हो रहा है अब, आज के पहले कभी ऐसा महसूस नहीं हुआ, पहली बार ऐसा महसूस हो रहा है कि मैं बहुत चिल्ला कर गंदी बातें गंदी गालियां दूं और मुझे अब कुछ लिहाज नहीं है, तुम तीनों बुरा नहीं मानना. मैंने अपनी जीभ उनकी पूरी चूत पे फिरानी शुरू की तो वो उचक उचक के मेरा साथ देने लगीं.

जीजा साली का रिश्ता

फ़िर भी मुझे सामने चूत दिख रही थी तो कब तक मेरे जैसा जवान खुद को रोक सकता था. भाभी- तो इसमें क्या है?अब मेरे पास कोई चारा था नहीं, तो मैंने उनको बता दिया कि उसमें ब्लू फिल्म है. मेरी हिंदी कहानी के पिछले भागबाप की हवस और बेटे का प्यार-3में आपने पढ़ा कि हम दोनों चुदाई के मूड में आ चुके थे.

मयूरी के लिए यह अनुभव एकदम नया था, वो इस पल के एक-एक लम्हे का आनंद लेने लगी, उसके मुँह से सिसकारियां निकलने लगी- आह… भैया… बहुत मजा आ रहा ह… है… और दबाओ… ना इनको!विक्रम मयूरी की ऐसी कामुक बातों से और उत्साहित हो गया और जोर-जोर से मयूरी की अनछुई चूचियों को दबा-दबा कर आनंद लेने लगा. गोरा रंग, पूरी 5 फ़ुट 11 इंच की हाइट है और सुबह वॉक पर जाती हूँ तो बॉडी फ़िट है.

कुछ देर बाद वो अकड़ गई और झड़ गई इसके कुछ देर बाद मैं भी झड़ने वाला था.

मैंने भी जोर जोर से कुछ धक्के लगाये और रितु की चूत में अपना वीर्य छोड़ दिया. आज की मेरी इस कहानी में मुख्य भूमिका मेरे घर की नौकरानी ने निभाई है क्योंकि उसी ने मुझे आज मुझे एक नया लंड दिलवाया था. जिससे मेरी चुत को ऐसा लगा जैसे उसका मनपसन्द खिलौना उससे छीन लिया गया हो.

[emailprotected]कहानी का अगला भाग:मेरी अंतरंग डायरी: ग्रुप सेक्स में कौमार्य विसर्जन-2. फिर मैंने अपने दोनों हाथ उनके पीछे लेजा कर उनके ब्लाउज को उतार दिया. भाभी मुझे बताती थीं कि सेक्स चैट करते समय वे अपनी चुत में उंगली करती थीं.

अब आगे:अगली सुबह मैं तो 8 बजे ही जूसी रानी को सोता छोड़कर होटल की तलाश में चल दिया.

क्या की बीएफ: मुझे जैसे ही इस बात का अहसास हुआ तो ये समझते देर न लगी कि शायद चूत का ढक्कन भी हट गया होगा. लॉन में जाकर पहले तो दो कप चाय पी और फिर बाहर निकल के एक रिक्शा पकड़ा.

जब उसने मेरा लंड देखा तो वो थोड़ा डर गयी और कहने लगी- एक उंगली से इतना दर्द हुआ तो इससे तो बहुत ज्यादा होगा. अब चूंकि पिता ने खुद सुना था कि पद्मिनी को एक टीचर चोदता है, तो खुद पिता भी अपनी बेटी से सवाल करते वक़्त उसके यौवन को देखने लगा. वो जोर जोर से सिसकारियां ले रही थीं और उनके मुँह से आवाजें निकल रहीं थीं- उँह उंह आह आह.

मैं बोली- चाचा, बाहर वह मेरा भाई लालजी और बहन का बेटा होगा, उसे अन्दर भेज देना, पता नहीं वो दोनों बेवकूफ कहां हैं?चाचा बोले- ठीक है.

एक बार फिर 10 मिनट के बाद रीना दीदी ने मुझे कस के पकड़ लिया लेकिन इस प्रकार के पोजीशन में उनकी चूत ने मेरे लिंग को इस प्रकार जकड़े हुआ था कि मैं भी उनकी चूत में स्खलित हो गया. ’ फिर वो बोला ‘यो बेबी…सेक्स इन द पूल! मेरा फिगर देख कर सबके होश उड़ गए फिर हम सबने कपड़े उतार दिए और हम लोगों ने पूल में ही सेक्स किया. मैं उन्हें देखने में खोया हुआ था, मुझे उनकी आवाज़ दूर से आती सुनाई दे रही थी.